Jayendra Lok

Nanee Vayamaa Akshaye (Hindi)

नानी वयमां अक्षये, मोटुं काम कीधुं,

 सर्वजीवोने हैये-हैये, एणे स्थान लीधुं,

 स्वार्थ जरा न भळे, एवी मैत्रीना बळे,

 कामण एवुं कीधुं, एणे हैये स्थान लीधुं,

 नानी वयमां अक्षये….(1)

 

नहीं शेरीए रमे, नहीं बागमां भमे,

 सहु मित्रोनी संगे, प्रभु भक्तिए रमे,

संगीतने सहारे, प्रभु प्रीत वधारे,

ध्यान साधी लीधुं, एणे हैये स्थान लीधुं,

 नानी वयमां अक्षये…(2)

 

माता गुणला धडे, जेनी जोड न जडे,

 पिता दोषो हरे, शुभ विद्या धरे,

मुळीबाई वचने, थतुं मुनिवर मने,

 लक्ष्य बांधी लीधुं, एणे हैये स्थान लीधुं,

 नानी वयमां अक्षये…(3)

 

दुःख जीवोना जोई, एनी आंखडी रोई,

नथी भमवुं हवे तो, आ जन्मने खोई,

एम पापोने छोडी, मन धर्ममां जोडी,

 ज्ञान अमृत पीधुं, एणे हैये स्थान लीधुं,

 नानी वयमां अक्षये…(4)